• पक्की सरकार!

    देश में चाहे किसी की भी सरकार चले पर एक मुख्य सरकार है जो कभी नहीं बदलेगी और वो है...
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    तीनों लोक की सरकार।

    राष्ट्रपति - शिव जी

    प्रधानमंत्री - विष्णु जी

    गृह मंत्री - श्री ब्रह्मा जी

    महिला एवं बाल विकास मंत्री - पार्वती माता जी

    रक्षा मंत्री - हनुमान जी

    वित्त मंत्री - लक्ष्मी माता जी

    खाद्य मंत्री - माता अन्नपूर्णा जी

    शिक्षा मंत्री - श्री सरस्वती माता जी

    कृषि मंत्री - मेघराज जी

    सिंचाई मंत्री - इंद्र जी

    भूमि विकास मंत्री - विश्वकर्मा जी

    स्वास्थ मंत्री - सुमंत जी

    सूचना और प्रसारण मंत्री - नारद जी

    नया है किसी और को भेजो।
  • अजब मसला!

    रात का समय था, सुनसान सड़क पर शर्मा जी अकेले चले आ रहे थे।

    अचानक सामने से दो व्यक्ति शर्मा जी के आगे आ गए।

    उनमे से एक आदमी बोला: श्रीमान क्या आपके पास एक रुपये का सिक्का है?

    शर्मा जी पहले तो घबरा गए फिर अपने-आप को संभालते हुए बोले, "हाँ-हाँ, है बिलकुल है। लेकिन आप एक रुपये के सिक्के का क्या करेंगे?"

    आदमी: जी हम बस सिक्का उछालकर अपना एक छोटा सा विवाद निपटाना चाहते हैं।

    शर्मा जी (थोडा उत्साहित होकर): ऐसा कौन सा विवाद है जो बातचीत से हल नहीं हो रहा और सिक्का उछाल कर हल हो जायेगा।

    आदमी: जी बात यह है कि आपके पैसे तो हम आपस में बराबर बाँट लेंगे बस यह फैंसला नहीं कर पा रहे कि आपकी घड़ी कौन रखेगा!
  • वही ज़माना!

    एक आदमी ने हॉस्टल में रहने वाले लड़के के कमरे का दरवाज़ा खटखटाया। थोड़ी देर बाद लड़के ने दरवाजा खोला।

    आदमी: क्या मैं अंदर आ सकता हूं? मैं सन 82 में इसी कॉलेज में पढ़ता था और इसी कमरे में रहता था।

    लड़का: हां, हां जरूर।

    आदमी अपने कॉलेज टाइम को याद करते हुए कहने लगा, "आह, वही पुराना कमरा, वही पुराना फर्नीचर और वही पुरानी अलमारी।"

    लड़का उसे अलमारी की तरफ बढ़ने से रोकने ही वाला था कि उस आदमी ने अलमारी का दरवाजा खोल दिया।

    अलमारी के अंदर लड़के की गर्लफ्रेंड छिपी हुई थी।

    लड़का हड़बड़ा कर बोला, "सर ये मेरी कजिन (Cousin) है।

    इस पर ठण्डी सांस भरते हुए वह आदमी बोला, "आह, वही पुराना बहाना।"
  • टूट गया भरोसा!

    एक बार एक आदमी बड़ी आराम से अपनी गाड़ी में जा रहा था कि अचानक सामने से आ रही एक महिला की गाड़ी आ कर उसकी गाड़ी से टकरा गयी, पर एक्सिडेंट के बाद दोनों सुरक्षित बच गए।

    जब दोनों गाड़ी से बाहर आये तो महिला ने पहले अपनी गाड़ी को देखा जो पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी थी, फिर वो सामने की तरफ गयी जहाँ आदमी भी अपनी गाड़ी को बड़ी गौर से देख रहा था।

    तभी वह महिला उससे रूबरू होते हुए बोली, "देखिये कैसा संयोग है कि गाड़ियाँ पूरी तरह से टूट-फूट गयी पर हमें चोट तक नहीं आई। यह सब भगवान की मर्जी से हुआ है ताकि हम दोनों मिल सकें। मुझे लगता है कि अब हमें आपस में दोस्ती कर लेनी चाहिए।

    आदमी ने भी सोचा कि इतना नुक्सान होने के बाद भी गुस्सा करने के बजाय दोस्ती के लिए कह रही है तो कर लेता हूँ और बोला, "आप बिल्कुल ठीक कह रही हैं कि ये सब भगवान की मर्जी से हुआ है।"

    तभी महिला ने कहा, "एक चमत्कार और देखिये कि पूरी गाड़ी टूट-फूट गयी पर अंदर रखी शराब की बोतल बिल्कुल सही है।"

    आदमी ने कहा, "वाकई यह तो हैरान करने वाली बात है।" महिला ने बोतल खोली और बोली, "आज हमारी जान बची है, हमारी दोस्ती हुई है तो क्यों न थोड़ी सी ख़ुशी मनाई जाए।"

    महिला ने बोतल को उस आदमी की तरफ बढ़ाया उसने भी बोतल को पकड़ा और मुहं से लगाया और आधी करके बोतल वापस महिला को दे दी। फिर कहने लगा, "आप भी लीजिये।"

    महिला ने बोतल को पकड़ा उसका ढक्कन बंद किया और एक तरफ रख दी।

    आदमी ने पूछा, "क्या आप शराब नहीं पियेंगी?" महिला बड़े आराम से बोली, "नहीं ...मुझे लगता है मुझे पुलिस का इंतज़ार करना चाहिए ताकि मैं बता सकूँ कि इस शराबी ने मेरी गाडी ठोक दी है।"

    मरो और करो लड़कियों पर भरोसा !!