• बीवी की परिभाषा

    दोस्तों आज हम एक अजीब प्राणी के बारे में पढेंगे, इस जीव का नाम है 'बीवी'।

    यह अक्सर रसोई और टीवी के सामने पाई जाती है।

    इनका पौष्टिक आहार है पति का भेजा। ये पानी कम खून ज्यादा पीती है।

    इन्हें अक्सर नाराज़ होने का नाटक करते हुए देखा जाता है।

    इस प्राणी का सबसे खतरनाक हथियार है रोना और इमोशनल ब्लैकमेल करना।

    उसके संपर्क में रहने से टेंशन नाम की बीमारी हो सकती हे, जिसका कोई इलाज़ नहीं। बस इनसे सावधान रहना!

    "अखिल भारतीय कुंवारा संघ द्वारा जनहित में जारी।"
  • सच्चा दोस्त कौन?

    रसोई में गैस पर कूकर चढ़ाया... सेल्फी वाली पोस्ट डाली और लिखा,

    "बीवी मायके गयी है और मुझे चाय बनानी है, कुकर में कितनी सीटी लगाऊँ?"

    दोस्तों के कमेंट्स आये:

    पहला दोस्त: कुकर में पहले ही एक सीटी लगी है, और कितनी लगाएगा?

    दूसरा दोस्त: बेवकूफ चाय कुकर में थोड़ी बनती है, कड़ाही चढा!

    तीसरा दोस्त: पहले दो घण्टे चाय पत्ती भिगो ले... दो तीन सीटी में काम चल जाएगा!

    चौथा दोस्त: खिड़की पर जाके एक सीटी बजा,  पड़ोसन चाय दे जाएगी!

    सबसे उत्तम कमेंट:

    अबे गधे, बीवी मायके गई है तो चाय क्यों पी रहा है? बेवकूफ बोतल पी और मौज कर, साथ हमें भी बुला, सीटी हम बजा देंगे।
  • उम्र का चक्र!

    एक औरत और उसका बेटा बस स्टॉप पर खड़े बस का इंतज़ार कर रहे थे तो औरत अपने बेटे से बोली," बेटा अगर बस में कंडक्टर तुमसे तुम्हारी उम्र पूछे तो कहना कि तुम पांच साल के हो। इससे तुम्हारा किराया माफ़ हो जाएगा और तुम बस में मुफ्त सफ़र कर सकोगे।"

    थोड़ी देर बाद जब बस आई और वो दोनों जब बस में चढ़े तो कंडक्टर ने बच्चे से उसकी उम्र पूछी।

    यह सुन बच्चा बड़े ही गर्व से बोला, "मैं 5 साल का हूँ।"

    क्योंकि कंडक्टर का भी उतनी ही उम्र का एक बेटा था तो कंडक्टर भी मुस्कुरा कर बोला, "और आप 6 साल के कब हो जाओगे?"

    बच्चा बड़ी मासूमियत से बोला, "जैसे ही मैं इस बस से उतरूंगा।"
  • पुलिस का सच!

    कॉन्स्टेबल छुट्टी की दरख़्वास्त लेकर थानाध्यक्ष के पास गया और बोला , "सर, मेरी पत्नी गर्भवती है और घरेलू कामकाज करने में असमर्थ है। ऐसे में मेरा उसके साथ होना बहुत ज़रूरी है।"

    थानाध्यक्ष ने कहा, "अरे, क्या बात करते हो। कल शाम को ही तो तुम्हारी बीवी का फोन आया था। वह कह रही थी कि तुम जब भी घर जाते हो तो घर का कोई कामकाज नहीं करते बल्कि सारा दिन दोस्तों के साथ आवारागर्दी करते हो और रोज़ दारू पीकर हंगामा करते हो। उसने ख़ासतौर से गुज़ारिश की थी कि तुम्हे किसी भी हालत में छुट्टी न दी जाए। इसलिए तुम्हारी छुट्टी नामंज़ूर की जाती है।"

    कॉन्स्टेबल उदास हो गया और "ठीक है सर" कहकर जाने लगा।

    दरवाज़े के पास पहुँचकर वह रुका, मुड़ा और फिर वापिस आकर धीरे - से बोला, "सर, मुझे कुछ और भी कहना है।"

    थानाध्यक्ष: "हाँ, बोलो!"

    कॉन्स्टेबल: सर, आपको नहीं लगता कि दुनिया में पुलिस सबसे बड़ी झूठी है और मक्कार है?

    थानाध्यक्ष: क्या मतलब तुम्हारा?

    कॉन्स्टेबल: सर, मेरी तो अभी शादी ही नहीं हुई!