• मुर्गे का डर!

    एक आदमी ने एक मुर्गा रखा हुआ था जो कि उसे बहुत प्यारा था। मुर्गा भी अपने मालिक को बहुत प्यार करता था। एक दिन मालिक बीमार हो गया। मुर्गा अपने मालिक को खिङकी से बैठा देख रहा था। मालिक की पत्नी उसके बगल में बैठी थी।

    पत्नी बोली, "आपको बहुत तेज़ बुखार है। मै आपके लिए चिकन सूप बना लाती हूँ।"

    इतना सुनते ही मुर्गे के होश उङ गये और वो तुरंत बोला, "बहन जी एक बार Crocin दे कर भी देख लो।"
  • दारू का पहाङा:

    दारू एकम दारू - महफिल हुइ चालू

    दारू दुनी गिलास - मजा आयेगा खास

    दारू तिया वाईन - टेस्ट एकदम फाईन

    दारू चौके बियर - डालो नेक्स्ट गियर

    दारू पंजे रम - भूल जाओ गम

    दारू छक्के ब्रांडी - खाओ चिकन हाँडी

    दारू सत्ते व्हिस्की - काॅकटेल है रिस्की

    दारू अठ्ठे बेवडा - लाओ सेव चिवडा

    दारू नम्मे खंबा - ज्यादा हो गइ, थांबा

    दारू दहाम चस्का - नेक्स्ट पार्टी किसका?

  • उदास क्यों हो?

    संता और बंता कई दिनों बाद मिले संता कुछ उदास सा लग रहा था और आँखों में आंसू थे।

    बंता ने पूछा, "अरे तुम तो ऐसे लग रहे हो जैसे तुम्हारा सुब कुछ लुट गया हो क्या बात है?"

    संता ने कहा, "अरे क्या बताऊँ तीन हफ्ते पहले मेरे अंकल गुजर गए और मेरे लिए 50 लाख रूपए छोड़ गए।"

    बंता: तो इसमें बुरी बात क्या है?

    संता ने कहा: और सुनो दो हफ्ते पहले मेरा एक चचेरा भाई मर गया जिसे मैं जानता भी नहीं था वो मेरे लिए 20 लाख रूपए छोड़ गया।

    बंता ने कहा: ये तो अच्छा हुआ।

    बंता ने कहा: पिछले हफ्ते मेरे दादाजी नहीं रहे और वो मेरे लिए पूरा 1 करोड़ छोड़ गए।

    बंता ने कहा: ये तो और भी अच्छी बात है पर तुम इतना उदास क्यों हो?

    संता ने कहा: इस हफ्ते कोई भी नहीं मरा।
  • चोरी ऊपर से सीनाज़ोरी!

    एक बार एक आदमी बड़ी आराम से अपनी गाड़ी में जा रहा था कि अचानक सामने से आ रही एक महिला की गाड़ी आ कर उसकी गाड़ी से टकरा गयी, पर एक्सिडेंट के बाद दोनों सुरक्षित बच गए।

    जब दोनों गाड़ी से बाहर आये तो महिला ने पहले अपनी गाड़ी को देखा जो पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी थी, फिर वो सामने की तरफ गयी जहाँ आदमी भी अपनी गाड़ी को बड़ी गौर से देख रहा था।

    तभी वह महिला उससे रूबरू होते हुए बोली, "देखिये कैसा संयोग है कि गाड़ियाँ पूरी तरह से टूट-फूट गयी पर हमें चोट तक नहीं आई। यह सब भगवान की मर्जी से हुआ है ताकि हम दोनों मिल सकें। मुझे लगता है कि अब हमें आपस में दोस्ती कर लेनी चाहिए।"

    आदमी ने भी सोचा कि इतना नुक्सान होने के बाद भी गुस्सा करने के बजाय दोस्ती के लिए कह रही है तो कर लेता हूँ और बोला, "आप बिल्कुल ठीक कह रही हैं कि ये सब भगवान की मर्जी से हुआ है।"

    तभी महिला ने कहा, "एक चमत्कार और देखिये कि पूरी गाड़ी टूट-फूट गयी पर अंदर रखी शराब की बोतल बिल्कुल सही है।"

    आदमी ने कहा, "वाकई यह तो हैरान करने वाली बात है।"

    महिला ने बोतल खोली और बोली, "आज हमारी जान बची है, हमारी दोस्ती हुई है तो क्यों न थोड़ी सी ख़ुशी मनाई जाए।"

    महिला ने बोतल को उस आदमी की तरफ बढ़ाया उसने भी बोतल को पकड़ा और मुहं से लगाया और आधी करके बोतल वापस महिला को दे दी।

    फिर कहने लगा, "आप भी लीजिये।"

    महिला ने बोतल को पकड़ा उसका ढक्कन बंद किया और एक तरफ रख दी।

    आदमी ने पूछा, "क्या आप शराब नहीं पियेंगी?"

    महिला बड़े आराम से बोली, "नहीं ...मुझे लगता है मुझे पुलिस का इंतज़ार करना चाहिए ताकि मैं बता सकूँ कि इस शराबी ने मेरी गाडी ठोक दी है।"