• सही उमीदवार!

    सरकारी बैंक में इंटरव्यू चल रहा था। ब्रांच मैनेजर पहले सवाल का जवाब सुन कर ही 200 से ज्यादा लोगों को रिजेक्ट कर चुके थे। अब अंतिम 3 बचे थे।

    पहले उमीदवार को बुलाया गया।

    मैनेजर: तुम्हारा नाम क्या है?
    उमीदवार 1: सुरेश सिंह
    मैनेजर: तुम जा सकते हो।

    दूसरा दावेदार आया।

    मैनेजर: तुम्हारा नाम क्या है?
    उमीदवार 2: मेरा नाम गिरीश चंद्र जोशी है।
    मैनेजर: दफा हो जाओ यहाँ से।

    अब तीसरे उमीदवार की बारी आयी।
    मैनेजर: तुम्हारा नाम क्या है?
    उमीदवार नंबर 3 कुछ नहीं बोला।

    मैनेजर: मैंने पूछा तुम्हारा नाम क्या है?
    उमीदवार फिर चुप।

    मैनेजर: अबे अपना नाम बता?
    उमीदवार फिर भी चुप।

    मैनेजर: श्रीमान कृपया अपना नाम बताइये?
    उमीदवार: मुझे नहीं पता, काउंटर नंबर 4 पे पूछिये।

    मैनेजर: बहुत बढ़िया। तुम इस बैंक के लिए एकदम सही हो... तुम्हारी नौकरी पक्की। कल से आ जाओ।
  • बॉस का आदेश!

    एक बार कुछ लड़कियां शहर से गाँव घूमने आई थी। जब वो वापस लौट रही थी तो रास्ते में जिस बस में वे सफर कर रहीं थी, कुछ डाकुओं ने उस बस को घेर लिया। बस लूटने वाले दो डाकुओं ने पिस्तौल दिखाकर बस जंगल में रुकवा ली, तो सभी मुसाफिरों में सन्नाटा छा गया।

    एक डाकू ने अपने साथी से कहा, "हम पुरुषों को लूटेंगे और सभी औरतों को अपने साथ ले जाएँगे।"

    दूसरा डाकू जो पहले वाले से कमजोर था बोला, "नहीं, हम सारा सामान लूटेंगे, औरतों को कुछ नहीं कहेंगे।"

    यह सुन पीछे की सीट पर बैठी लड़कियों ने आपस में खुसुर - फुसुर की और फिर उनमे से एक दूसरे डाकू से बोली, "ऐ, तुम अपने बॉस का आदेश मानो। जैसा वो कह रहा है वैसा करो।"
  • सुखी संसार के सूत्र!

    पत्नी: देखो ना, हमारे पड़ोसी ने 50 इंच का LED TV ख़रीदा है! आप भी खरीद कर लाइये ना?
    पति: अरे डार्लिंग... जिसके पास तुम्हारे जैसी खूबसूरत बीवी हो वो क्यों फ़ालतू का वक़्त TV देखने में व्यर्थ करेगा?
    पत्नी: ओह आप भी ना! अभी आपके लिए पकौड़े बनाकर लाती हूँ?

    पत्नी: आप मेरा जन्मदिन कैसे भूल गये?
    पति: भला तुम्हारा जन्मदिन कोई कैसे याद रखे? तुम्हें देख कर ज़रा भी नहीं लगता कि तुम्हारी उम्र बढ़ रही है!
    पत्नी (आंसू पोछते हुए): सच्ची... आपके लिये खीर ले कर आती हूँ!

    पति-पत्नि में झगड़ा हो रहा था।
    पत्नि: मैं पूरा घर संभालती हूँ... किचन संभालती हूँ... बच्चों को संभालती हूँ... तुम क्या करते हो?
    पति: मैं खुद को संभालता हूँ, तुम्हारी नशीली आँखें देखकर!
    पत्नी: आप भी ना... चलो बताओ आज क्या बनाऊँ आपकी पसंद का?
  • अजीब कारण!

    सुबह सारे काम निपटा कर गई कामवाली को शाम को उसका पति लेकर आया।

    कामवाली का पति: मैडम, कल से मेरी घरवाली आपके यहाँ काम करने नहीं आयेगी।

    मैडम: पगार कम पड़ रही है क्या? तीसरा महीना पूरा होने के बाद पगार बढ़ा दूंगी।

    कामवाली का पति: बहन, बात पगार की नहीं है, हमारी तकलीफ दूसरी है।

    मैडम: क्या तकलीफ है बताओ, चुटकी बजाते ठीक कर दूंगी।

    कामवाली का पति: मैडम, तकलीफ चुटकी बजाते दूर हो जाए ऐसी नहीं है, आप तो दूसरी कामवाली ढूंढ लो।

    मैडम: तकलीफ बताये बगै़र मैं तुम्हें काम नहीं छोड़ने दूंगी, बोलो क्या तकलीफ़ है?

    कामवाली का पति: आप पूरा दिन अपने पति को डांटती फटकारती रहती हो, यह देखकर ये भी यह सब सीखने लग गई है। मेरे में साहब जितनी सहनशक्ति नहीं है जिससे इस बेचारी को रोज़ाना मार खाना पड़ती है, मुझे मेरे घर में और अशांति नहीं चाहिए। मैडम की जीभ तालू से चिपक गई, सिरपर हाथ रखकर सोफे पर अभीतक बैठी है।