• सच्चा प्यार!

    एक बार तीन दोस्त थे। तीनो को एक ही लड़की पसंद आ गयी तो तीनो ने फैंसला किया कि वे तीनो एक साथ लड़की को प्रोपोज़ करेंगे और लड़की का फैंसला आखिरी फैंसला होगा।

    तीनों दोस्त लड़की के पास पहुंचे।

    पहला दोस्त: मैं तुम्हारे लिए अपनी जान दे सकता हूँ।

    लड़की : वो तो सब कहते हैं।

    दूसरा दोस्त: मैं तुम्हारे लिए चाँद तारे तोड़ सकता हूँ।

    लड़की: पुराना डायलाग है।

    तीसरा दोस्त बड़ी हिम्मत करके लड़की के पास आया और बोला, "मैं तुम्हारी ACTIVA में रोज 3 लीटर पेट्रोल डलवाऊंगा।"

    यह सुन कर लड़की की आँखों में आँसू आ गए और बोली, "पागल इतना चाहता है मुझ को।"
  • भारत का योगदान!

    एक अमेरिकन भारत घूमने आया तो यहाँ अपने हिंदुस्तानी मित्र से पूछ बैठा, "भाई साहब बताइये अगर आपका भारत महान है तो सँसार के इतने अविष्कारों में आपके देश का क्या योगदान है?"

    हिंदुस्तानी: अरे अमरीकन सुन... सँसार की पहली फायर प्रूफ लेडी भारत में हुई, नाम था "होलिका" आग में जलती नही थी, इसीलिए उस वक्त फायर ब्रिगेड चलती नही थी।

    सँसार की पहली वाटर प्रूफ बिल्डिँग भारत में हुई... नाम था भगवान विष्णु का "शेषनाग"... काम तो ऐसे जैसे "विशेषनाग"।

    दुनिया के पहले पत्रकार भारत में हुए... "नारद जी" जो किसी राजव्यवस्था से नही डरते थे... तीनों लोक की सनसनी खेज रिपोर्टिँग करते थे।

    दुनिया के पहले कमेंटेटर "सँजय" हुए, जिन्होंने नया इतिहास बनाया... महाभारत के युद्ध का आँखो देखा हाल अँधे "ध्रतराष्ट" को उन्ही ने सुनाया।

    दादागिरी करना भी दुनिया को हमने सिखाया क्योंकि वर्षो पहले हमारे "शनिदेव" ने ऐसा आतँक मचाया.. कि "हफ्ता" वसूली का रिवाज उन्ही के शिष्यो ने चलाया.. आज भी उनके शिष्य हर शनिवार को आते हैं और उनका फोटो दिखाकर हफ्ता ले जाते हैं।

    अमेरिकन बोला, "दोस्त फालतू की बातें मत बनाओ, कोई ढँग का आविष्कार हो तो बताओ। जैसे हमने इँसान की किडनी बदल दी, बाईपास सर्जरी कर दी आदि।

    हिंदुस्तानी बोला, "अरे अमरीकन, सर्जरी का क्या खूब याद दिलाया, अरे सर्जरी का आइडिया ही दुनिया को हमने बताया था। तू ही बता "गणेश जी" का ऑपरेशन क्या तेरे बाप से करवाया था।"

    अमरीकन हडबडाया.. गुस्से में बडबडाया। देखते ही देखते चलता फिरता नजर आया। तब से पूरी दुनिया को हम पर मान है। दुनिया में मुल्क कितने ही हो पर सबमें मेरा "भारत" महान है।
  • मेड इन इंडिया!

    एक जापानी पर्यटक भारत की सैर पर आया हुआ था। आखिरी दिन उसने एयरपोर्ट जाने के लिए एक टैक्सी ली और ड्राइवर को चलने के लिए कहा।

    यात्रा के दौरान एक 'होण्डा' बगल से गुज़री। जापानी ने उत्तेजित होकर खिड़की से सिर निकाला और चिल्लाया‚ `होण्डा‚ वेरी फास्ट! मेड इन जापान!`

    कुछ देर बाद एक 'टोयोटा' तेज़ी से टैक्सी के पास से गुज़री‚ और फिर जापानी बाहर झुका और चिल्लाया‚ `टोयोटा‚ वेरी फास्ट! मेड इन जापान!`

    और फिर एक 'मित्सुबिशी' टैक्सी की बगल से गुज़री। तीसरी बार जापानी खिड़की की ओर झुकते हुए चिल्लाया‚ `मित्सुबिशी‚ वेरी फास्ट! मेड इन जापान!`

    ड्राइवर थोड़ा ग़ुस्से में आ गया मगर चुप रहा और कई सारी कारें गुज़रती रहीं।

    आखिरकार टैक्सी एयरपोर्ट तक पहुँच गयी। किराया 800 रु. बना। जापानी चीखा‚ `क्या? इतना ज़्यादा!`

    तो ड्राइवर चिल्लाया, `मीटर‚ वेरी फास्ट! मेड इन इंडिया।`
  • चाँद का दीदार!

    एक लड़की ने अपने बॉयफ्रेंड से कहा, "तुम मेरे लिए क्या कर सकते हो?"

    लड़का: जो तुम कहो डार्लिंग।

    लड़की: क्या तुम मेरे लिए चाँद ला सकते हो?

    लड़का गया और थोड़ी देर बाद हाथ में कुछ चीज़ छिपा कर लाया और लड़की से कहा, "आँखे बंद करो।"

    लड़की ने आँखें बंद की तो लड़के ने वो चीज़ लड़की के हाथो में दी और लड़की से आँखे खोलने को कहा।

    लड़की ने आखें खोली तो उस चीज़ को देख उसकी आँखों में आंसू थे। क्योकि उसके हाथों में एक आइना था जिसमे उस लड़की का चेहरा नज़र आ रहा था।

    लड़की: तुम मुझे चाँद सा समझते हो?

    लड़का: नहीं, मैं तो तुम्हें सिर्फ ये समझा रहा था कि जिस मुँह से चाँद मांग रही हैं कभी वो थोबड़ा आईने में भी देखा है या नहीं?