• पठान की चालाकी!

    एक डॉक्टर पठान के पीछे ब्लेड लेकर भाग रहा था और चिल्ला रहा था, "ठहर जा बहन के लोड़े, तेरी माँ चोद दूंगा, रूक साले कमीने, एक बार हाथ लग जा तेरे को जान से मार दूँगा।"

    यह सुन कर कुछ लोगो ने डॉक्टर को पकड़ा और पूछा, "भाई साहब हुआ क्या है, क्यों उसको मारने पर तुले हो?"

    डॉक्टर गुस्से से बोला, "ये साला भोसड़ी का हरामी, पिछली 4 बार से ऐसा ही कर रहा है, नसबंदी करवाने आता है और झाँटे कटवा कर भाग जाता है।"
  • कुछ तो लेकर ही जाऊंगा!

    सिंधी के घर के बाहर पठान ने आवाज लगाई।

    अंदर से सिंधी सिर्फ तौलिया लपेटे बाहर आया और हाथ जोडकर बोला, "बाबा 5 साल से आप मैरे घर भिक्षा मांगने आ रहे हैं और मैंने बिना कुछ दिये आपको कभी नही लौटाया, पर आज मेरे पास कुछ नही है। रात को डाकू आये और मेरे जीवन भर की कमाई ले गये। यहाँ तक कि बदन पे कपडे भी नही छोडे। अब मैं नंगा आपको क्या दूँ और खुद क्या खाऊँ?"

    यह कहते हुए सिंधी रोने लगा।

    यह देख पठान की आँख मे भी आँसू आ गये। पठान ने सिंधी के सिर पर हाथ रखा और बोला, "रो मत बेटा, सब ऊपर वाले की मर्जी है। पगले अब दुख मत कर नंगा है तो क्या हुआ? चल अंदर आज गांड ही दे दे।"
  • बेगम की नाराज़गी!

    एक बार पठान अपनी बेगम के साथ अपने कमरे में लेटा हुआ था। तभी अचानक वह बड़े प्यार से अपनी पत्नी की तरफ देख कर बोला," क्या हुआ क्या हमारी जान हमसे नाराज़ है?"

    बेगम: तौबा-तौबा खां साहब कैसी बात कर रहे हैं?

    पठान: नहीं हमको लग रहा है कि आप हमसे नाराज़ हैं।

    बेगम: नहीं खां साहाब ऐसी कोई बात नहीं है। मैं आपसे नाराज़ नहीं हूँ।

    पठान: फिर आज आप अपना मुंह हमारी तरफ और अपनी गांड दूसरी तरफ कर के क्यों सो रहीं हैं।
  • प्यार का अंदाज़!

    एक बार एक बिलकुल कुंवारी लड़की की एक पठान से शादी हो रही थी। शादी के बाद जब लड़की की विदाई का समय आया तो लड़की की माँ लड़की को अकेले एक कमरे में ले गयी।

    माँ उसे शादी और सुहागरात के लिए कुछ बताने लगी और बोली, "देखो बेटी हमें पता है तुम्हें यह लड़का पसंद है और हमने भी पूरी कोशिश की है इसे अपनाने में, लेकिन एक बात मैं तुम्हें बताना चाहती हूँ कि यह पठान बहुत गंदे तरीके से सेक्स करते हैं। इसलिए अगर यह कभी भी तुम्हें कहे कि चलो उल्टा लेट जाओ तो ऐसा कभी मत करना। क्योंकि एक तो यह बहुत गंदा लगता है और दूसरा यह बहुत दर्दनाक भी होता है।"

    यह कह कर लड़की की माँ उसे बाहर ले आई और लड़की की विदाई कर दी गयी।

    शादी का एक महीना बीत गया। दोनों मियां-बीवी बहुत ख़ुशी से अपना जीवन गुज़ार रहे थे।

    एक रात पठान ने लड़की को कहा, "आज हम कुछ नए तरीके से प्यार करते हैं, चलो उल्टा लेट जाओ।"

    यह सुन कर लड़की ज़ोर-ज़ोर से रोने लगी और बोली, "मुझे यकीन नहीं होता कि तुम मेरे साथ ऐसा कर रहे हो।"

    पठान: पर मैं तो सोच रहा था कि शायद तुम बच्चा चाहती हो।