• हम वक़्त रोक लेंगे तुम्हारे लिए,<br/>
तुम बेवक्त मिलना तो शुरू करो!
    हम वक़्त रोक लेंगे तुम्हारे लिए,
    तुम बेवक्त मिलना तो शुरू करो!
  • रहने दे उधार इक मुलाकात यूँ ही;<br/>
सुना है उधार वालों को लोग भुलाया नहीं करते!
    रहने दे उधार इक मुलाकात यूँ ही;
    सुना है उधार वालों को लोग भुलाया नहीं करते!
  • जब से उसने कहा है कौन हूँ मैं,<br/>
तब से मैं कौन हूँ पता ही नहीं!
    जब से उसने कहा है कौन हूँ मैं,
    तब से मैं कौन हूँ पता ही नहीं!
  • मेरे दोस्त कुछ फासले ऐसे भी होते हैं;<br/>
जो तय नहीं होते मगर नज़दीकियां रखते हैं!
    मेरे दोस्त कुछ फासले ऐसे भी होते हैं;
    जो तय नहीं होते मगर नज़दीकियां रखते हैं!
  • सुना है आज समंदर को बड़ा गुमान आया है,<br/>
उधर ही ले चलो कश्ती जहाँ तूफान आया है।
    सुना है आज समंदर को बड़ा गुमान आया है,
    उधर ही ले चलो कश्ती जहाँ तूफान आया है।
  • फिर वही बात कर गया लम्हा,<br/>
आँख झपकी गुज़र और गया लम्हा!
    फिर वही बात कर गया लम्हा,
    आँख झपकी गुज़र और गया लम्हा!
  • शिकवा करने गये थे और इबादत सी हो गई,<br/>
तुझे भुलाने की ज़िद्द थी, मगर तेरी आदत सी हो गई!
    शिकवा करने गये थे और इबादत सी हो गई,
    तुझे भुलाने की ज़िद्द थी, मगर तेरी आदत सी हो गई!
  • ये मोहब्बत का शहर है ज़नाब,<br/>
यहाँ सवेरा सूरज से नहीं किसी के दीदार से होता है!
    ये मोहब्बत का शहर है ज़नाब,
    यहाँ सवेरा सूरज से नहीं किसी के दीदार से होता है!
  • मैंने दिल से कहा, उसे थोड़ा कम याद किया कर;<br/>
दिल ने कहा वो सांस है तेरी, तू साँस ही मत लिया कर!
    मैंने दिल से कहा, उसे थोड़ा कम याद किया कर;
    दिल ने कहा वो सांस है तेरी, तू साँस ही मत लिया कर!
  • होगी कितनी चाहत उस दिल में,<br/>
जो खुद ही मान जाये कुछ पल खफा होने के बाद!
    होगी कितनी चाहत उस दिल में,
    जो खुद ही मान जाये कुछ पल खफा होने के बाद!