Join our FaceBook Group
आईने के सौ टुकड़े करके हमने देखे हैं फिर क्या...<br/>
माँ से मार खाई और खुद ही इकट्ठा करके फेकें हैं।
आईने के सौ टुकड़े करके हमने देखे हैं फिर क्या...
माँ से मार खाई और खुद ही इकट्ठा करके फेकें हैं।
फोन किसी का भी बजे मतलब किसी का भी लेकिन अपनी जेब से फोन निकाल के देखना भारत में रिवाज़ है।
फोन किसी का भी बजे मतलब किसी का भी लेकिन अपनी जेब से फोन निकाल के देखना भारत में रिवाज़ है।
रावण साधु बनके सीता की झोपडी के पास जाता है।<br/>
रावण: भिक्षां देही।<br/>
सीता (दूर से ही): Paytm On कर।
रावण साधु बनके सीता की झोपडी के पास जाता है।
रावण: भिक्षां देही।
सीता (दूर से ही): Paytm On कर।
मोदी जी के संदेश के बाद:<br/>
'रमेश मैं तुम्हारे बच्चे की माँ बनने वाली हूँ।'<br/>
बदलकर ये हो गया है,<br/>
'रमेश हमें 6000/- रुपये मिलने वाले हैं।'
मोदी जी के संदेश के बाद:
"रमेश मैं तुम्हारे बच्चे की माँ बनने वाली हूँ।"
बदलकर ये हो गया है,
"रमेश हमें 6000/- रुपये मिलने वाले हैं।"
भाई किसी को चाहिए तो बताना टिप-टॉप कंडीशन, 1 साल चला हुआ।<br/>
2016 का कैलेंडर!
भाई किसी को चाहिए तो बताना टिप-टॉप कंडीशन, 1 साल चला हुआ।
2016 का कैलेंडर!
रिश्तेदारों की सबसे बड़ी गलतफहमी काफी दिनों से इनके घर नहीं गये हैं आज चलते हैं,<br/>
'वरना वो बुरा मान जायेंगे'।
रिश्तेदारों की सबसे बड़ी गलतफहमी काफी दिनों से इनके घर नहीं गये हैं आज चलते हैं,
"वरना वो बुरा मान जायेंगे"।
कुछ लोग तो ऐसे खुश हो रहे हैं जैसे नया साल नहीं बल्कि नई साली आई हो।
कुछ लोग तो ऐसे खुश हो रहे हैं जैसे नया साल नहीं बल्कि नई साली आई हो।
31 दिसंबर का नशा अगर उतर गया हो तो दो मिनट का मौन उन बकरों और मुर्गों के लिए भी रख लें, जो बेचारे आपकी खातिर 2017 का सूरज नहीं देख पाए।
31 दिसंबर का नशा अगर उतर गया हो तो दो मिनट का मौन उन बकरों और मुर्गों के लिए भी रख लें, जो बेचारे आपकी खातिर 2017 का सूरज नहीं देख पाए।
ये कमबख्त पटाखे भी बड़ा भेदभाव करते हैं।<br/>
दीवाली पर प्रदूषण और नये साल पर खुशियाँ ज़ाहिर करती हैं।
ये कमबख्त पटाखे भी बड़ा भेदभाव करते हैं।
दीवाली पर प्रदूषण और नये साल पर खुशियाँ ज़ाहिर करती हैं।
फोन की 'लो बैटरी' वार्निंग ही एकमात्र ऐसी वार्निंग है जिसे हम सीरियसली लेते हैं।
फोन की "लो बैटरी" वार्निंग ही एकमात्र ऐसी वार्निंग है जिसे हम सीरियसली लेते हैं।