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रात की बात:<br/>
रजाई में घुस के मोबाइल पे लगा हुआ था कि धीरे से एक मच्छर आके बोला,<br/>
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'सोजा भाई तुझसे नही पटेगी'।<br/>
अब साला कल के पैदा हुए मच्छर भी ताने मारने लगे हैं।
रात की बात:
रजाई में घुस के मोबाइल पे लगा हुआ था कि धीरे से एक मच्छर आके बोला,
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"सोजा भाई तुझसे नही पटेगी"।
अब साला कल के पैदा हुए मच्छर भी ताने मारने लगे हैं।
पटने के बाद हर लड़की अपने बॉयफ्रेंड से यही कहती है,<br/>
पता नहीं तुमसे कैसे पट गई? अच्छे-अच्छों को घास तक नही डालती थी मैं।
पटने के बाद हर लड़की अपने बॉयफ्रेंड से यही कहती है,
पता नहीं तुमसे कैसे पट गई? अच्छे-अच्छों को घास तक नही डालती थी मैं।
आज का ज्ञान:<br/>
खाना खाने के तुरंत बाद सोना नहीं चाहिए, थोड़ी देर,<br/>
WhatsApp,Facebook, इत्यादि, मोबाइल में चला लेना चाहिए।
आज का ज्ञान:
खाना खाने के तुरंत बाद सोना नहीं चाहिए, थोड़ी देर,
WhatsApp,Facebook, इत्यादि, मोबाइल में चला लेना चाहिए।
शादियों में कुछ लड़के कैमरे के सामने दूल्हे के बग़ल में फ़ोन कान पर लगाये ऐसे खड़े रहते हैं जैसे...<br/>
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सूचना और प्रसारण मंत्रालय उन्हीं के पास हो।
शादियों में कुछ लड़के कैमरे के सामने दूल्हे के बग़ल में फ़ोन कान पर लगाये ऐसे खड़े रहते हैं जैसे...
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सूचना और प्रसारण मंत्रालय उन्हीं के पास हो।
मोहब्बत अधूरी ही रहे तो अच्छा है...<br/>
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पूरी हो जाये तो महबूब के घर के झाड़ू=पोंछा, बर्तन, कपड़े सब धोने पड़ते हैं।
मोहब्बत अधूरी ही रहे तो अच्छा है...
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पूरी हो जाये तो महबूब के घर के झाड़ू=पोंछा, बर्तन, कपड़े सब धोने पड़ते हैं।
फोन जब तक वायर से बंधा हुआ था, तब तक इंसान आजाद था।<br/>
जब से फोन आजाद (वायरलेस) हुआ है, इंसान फोन से बंध गया है।
फोन जब तक वायर से बंधा हुआ था, तब तक इंसान आजाद था।
जब से फोन आजाद (वायरलेस) हुआ है, इंसान फोन से बंध गया है।
पहले जैसे लोग पाप करने के बाद गंगा में स्नान करते थे, अब उसी तरह छोले-भटूरे खाने के बाद ग्रीन टी पीते हैं।
पहले जैसे लोग पाप करने के बाद गंगा में स्नान करते थे, अब उसी तरह छोले-भटूरे खाने के बाद ग्रीन टी पीते हैं।
आज का परम ज्ञान:<br/>
जो दुखी है उसे ठेस न पहुँचाओ, बल्कि ठेके तक पहुँचाओ।
आज का परम ज्ञान:
जो दुखी है उसे ठेस न पहुँचाओ, बल्कि ठेके तक पहुँचाओ।
दो दोस्तों में बहस हो रही थी।<br/>
पहला दोस्त: मेरे दादा जी इतने अमीर और इतने भुलक्कड़ थे, कि लाठी बिस्तर पे रखते और खुद कोने में सो जाते थे।<br/>
दूसरा दोस्त: अबे ये तो कुछ भी नहीं, मेरे दादा जी इतने भुलक्क्ड़ थे कि, पान बिस्तर पे थूकते और खुद खिड़की से नीचे कूद जाते थे।
दो दोस्तों में बहस हो रही थी।
पहला दोस्त: मेरे दादा जी इतने अमीर और इतने भुलक्कड़ थे, कि लाठी बिस्तर पे रखते और खुद कोने में सो जाते थे।
दूसरा दोस्त: अबे ये तो कुछ भी नहीं, मेरे दादा जी इतने भुलक्क्ड़ थे कि, पान बिस्तर पे थूकते और खुद खिड़की से नीचे कूद जाते थे।
बार-बार सीए की परीक्षा में फेल होने पर आखिरकार तंग आकर उसने बल्ब बनाने की फैक्ट्री डाली और इसी तरह मार्किट मे आया...<br/>
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'सीएफेल बल्ब'।
बार-बार सीए की परीक्षा में फेल होने पर आखिरकार तंग आकर उसने बल्ब बनाने की फैक्ट्री डाली और इसी तरह मार्किट मे आया...
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'सीएफेल बल्ब'।