शिवजी ने जब जाट बनाया तो उसे सब कुछ दिया। तेज़ दिमाग़, लंबा चौड़ा शरीर, लेकिन ज़ुबान ना दी, तो पार्वती बोली, "प्रभु आपने कितना सुथरा आदमी बनाया है ये जाट, इसे भी ज़ुबान दे दो ताकि यह भी बोल सके।"
शिवजी बोले, "ना पार्वती यह बिना ज़ुबान के ही ठीक है।"
लेकिन पार्वती ना मानी शिवजी के पैर पकड़ लिए पार्वती की ज़िद के चलते शिवजी ने जाट को ज़ुबान दे दी। ज़ुबान मिलते ही जाट बोला, "रे शिवजी, या सुथरी सी लुगाई कित त मारी?"
हम हम हैं, तुम तुम हो;<br/>
ना तुम कम हो, ना हम कम हैं;<br/>
तो किस बात का ग़म है;<br/>
मैसेज भेजते रहो तभी तो लगेगा कि ग्रुप में दम है।
हम हम हैं, तुम तुम हो;
ना तुम कम हो, ना हम कम हैं;
तो किस बात का ग़म है;
मैसेज भेजते रहो तभी तो लगेगा कि ग्रुप में दम है।
तन की ख़ूबसूरती एक नेमत है, पर सबसे खूबसूरत आपकी ज़ुबान है।
चाहे तो दिल 'जीत' ले चाहे तो दिल 'चीर' दे।
जीतो: मैंने गधों पर रिसर्च की है। गधा अपनी गधी के सिवा किसी और गधी को नही देखता।<br/>
संता: इसीलिए तो उसे गधा कहते हैं।
जीतो: मैंने गधों पर रिसर्च की है। गधा अपनी गधी के सिवा किसी और गधी को नही देखता।
संता: इसीलिए तो उसे गधा कहते हैं।
आज का फालतू ज्ञान:
पति चाहे पत्नी पर कितना भी खर्च कर दे लेकिन...
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बीवी "थैंक यू" हमेशा दुकानदार को ही बोलेगी।
निराश नहीं हुआ हूँ जिन्दगी में, मुझे अभी बहुत से काम हैं,
आँखे आज भी ढूंढ रही हैं उस कमीने को जिसने कहा था कि...
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शादी के बाद बहुत आराम है।
राम चन्द्र कह गए सिया से... ऐसा कलियुग आएगा।<br/>
दोनो तरफ से होंगें मैसेज... फोन कभी ना आएगा।<br/>
बोलो व्हाट्सएप्प की जय।
राम चन्द्र कह गए सिया से... ऐसा कलियुग आएगा।
दोनो तरफ से होंगें मैसेज... फोन कभी ना आएगा।
बोलो व्हाट्सएप्प की जय।
दो दोस्त बहुत दिनों बाद मिले।<br/>
पहला दोस्त: और बता क्या चल रहा है ज़िन्दगी में?<br/>
दूसरा दोस्त: गककफकजसलंडलसक<br/>
पहला दोस्त: कुछ समझ नहीं आया।<br/>
दूसरा दोस्त: बस यही हाल है कुछ समझ नहीं आ रहा।
दो दोस्त बहुत दिनों बाद मिले।
पहला दोस्त: और बता क्या चल रहा है ज़िन्दगी में?
दूसरा दोस्त: गककफकजसलंडलसक
पहला दोस्त: कुछ समझ नहीं आया।
दूसरा दोस्त: बस यही हाल है कुछ समझ नहीं आ रहा।
दौलत छोड़ी दुनिया छोड़ी सारा खज़ाना छोड़ दिया;
सतगुरु के प्यार में दीवानों ने राज घराना छोड़ दिया;
दरवाज़े पे जब लिखा हमने नाम हमारे सतगुरु का;
मुसीबत ने दरवाज़े पे आना छोड़ दिया।
मंदिर में जूते उतारते और मिस कॉल मारते सिर्फ यही डर लगा रहता है कि...
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कहीं कोई उठा ही ना ले।