• ब्रह्माण्ड की सारी शक्तियां पहले से हमारी हैं! वो हमीं हैं जो अपनी आँखों पर हाँथ रख लेते हैं और फिर रोते हैं कि कितना अन्धकार है!
    ब्रह्माण्ड की सारी शक्तियां पहले से हमारी हैं! वो हमीं हैं जो अपनी आँखों पर हाँथ रख लेते हैं और फिर रोते हैं कि कितना अन्धकार है!
    ~ Swami Vivekananda
  • उठो, जागो और तब तक मत रुको जब तक लक्ष्य की प्राप्ति ना हो जाए।
    उठो, जागो और तब तक मत रुको जब तक लक्ष्य की प्राप्ति ना हो जाए।
    ~ Swami Vivekananda
  • बस वही जीते हैं, जो दूसरों के लिए जीते हैं।
    बस वही जीते हैं, जो दूसरों के लिए जीते हैं।
    ~ Swami Vivekananda
  • दिल और दिमाग के टकराव में दिल की सुनो!
    दिल और दिमाग के टकराव में दिल की सुनो!
    ~ Swami Vivekananda
  • उठो, जागो और तब तक मत रुको जब तक लक्ष्य ना प्राप्त हो जाए!
    उठो, जागो और तब तक मत रुको जब तक लक्ष्य ना प्राप्त हो जाए!
    ~ Swami Vivekananda
  • दिल और दिमाग के टकराव में दिल की सुनो।
    दिल और दिमाग के टकराव में दिल की सुनो।
    ~ Swami Vivekananda
  • एक समय में एक काम करो, और ऐसा करते समय अपनी पूरी आत्मा उसमे डाल दो और बाकी सब कुछ भूल जाओ।
    एक समय में एक काम करो, और ऐसा करते समय अपनी पूरी आत्मा उसमे डाल दो और बाकी सब कुछ भूल जाओ।
    ~ Swami Vivekananda
  • तुम्हे अन्दर से बाहर की तरफ विकसित होना है। कोई तुम्हे पढ़ा नहीं सकता, कोई तुम्हे आध्यात्मिक नहीं बना सकता। तुम्हारी आत्मा के आलावा कोई और गुरु नहीं है।
    तुम्हे अन्दर से बाहर की तरफ विकसित होना है। कोई तुम्हे पढ़ा नहीं सकता, कोई तुम्हे आध्यात्मिक नहीं बना सकता। तुम्हारी आत्मा के आलावा कोई और गुरु नहीं है।
    ~ Swami Vivekananda
  • हम वो हैं जो हमें हमारी सोच ने बनाया है, इसलिए इस बात का धयान रखिये कि आप क्या सोचते हैं! शब्द गौण हैं! विचार रहते हैं, वे दूर तक यात्रा करते हैं!
    हम वो हैं जो हमें हमारी सोच ने बनाया है, इसलिए इस बात का धयान रखिये कि आप क्या सोचते हैं! शब्द गौण हैं! विचार रहते हैं, वे दूर तक यात्रा करते हैं!
    ~ Swami Vivekananda
  • खुद को कमजोर समझना सबसे बड़ा पाप है!
    खुद को कमजोर समझना सबसे बड़ा पाप है!
    ~ Swami Vivekananda