Hindi Shayari

Page: 1
गुलों को छू के शमीम-ए-दुआ नहीं आई;
खुला हुआ था दरीचा सबा नहीं आई;
हवा-ए-दश्त अभी तो जुनूँ का मौसम था;
कहाँ थे हम तेरी आवाज़ नहीं आई।
~ Ada Jafri
सबके कर्ज़े चुका दूँ मरने से पहले, ऐसी मेरी नीयत है;<br/>
मौत से पहले तू भी बता दे ज़िंदगी, तेरी क्या कीमत है।
सबके कर्ज़े चुका दूँ मरने से पहले, ऐसी मेरी नीयत है;
मौत से पहले तू भी बता दे ज़िंदगी, तेरी क्या कीमत है।
मैंने पत्थरों को भी रोते देखा है झरने के रूप में;<br/>
मैंने पेड़ों को प्यासा देखा है सावन की धूप में;<br/>
घुल-मिल कर बहुत रहते हैं लोग जो शातिर हैं बहुत;<br/>
मैंने अपनों को तनहा देखा है बेगानों के रूप में।
मैंने पत्थरों को भी रोते देखा है झरने के रूप में;
मैंने पेड़ों को प्यासा देखा है सावन की धूप में;
घुल-मिल कर बहुत रहते हैं लोग जो शातिर हैं बहुत;
मैंने अपनों को तनहा देखा है बेगानों के रूप में।
गए दोनों जहाँ के काम से हम न इधर कि रहे न उधर के रहे;
न ख़ुदा ही मिला न विसाल-ए-सनम न इधर के रहे न उधर के रहे।
यहाँ किसी को भी...

यहाँ किसी को भी कुछ हस्ब-ए-आरज़ू न मिला;
किसी को हम न मिले और हम को तू न मिला;

ग़ज़ाल-ए-अश्क सर-ए-सुब्ह दूब-ए-मिज़गाँ पर;
कब आँख अपनी खुली और लहू लहू न मिला;

चमकते चाँद भी थे शहर-ए-शब के ऐवाँ में;
निगार-ए-ग़म सा मगर कोई शम्मा-रू न मिला;

उन्ही की रम्ज़ चली है गली गली में यहाँ;
जिन्हें उधर से कभी इज़्न-ए-गुफ़्तुगू न मिला;

फिर आज मय-कदा-ए-दिल से लौट आए हैं;
फिर आज हम को ठिकाने का हम-सबू न मिला।
~ Zafar Iqbal
क्या ख़ूब कहा है ग़ालिब ने;
ऐ चाँद तू किस मज़हब का है;
'ईद' भी तेरी, 'करवाचौथ' भी तेरा।
मौसम भी है, उम्र भी, शराब भी है;
पहलू में वो रश्के-माहताब भी है;
दुनिया में अब और चाहिए क्या मुझको;
साक़ी भी है, साज़ भी है, शराब भी है।
~ Akhtar Sheerani
ऊपर से गुस्सा दिल से प्यार करते हो;<br/>
नज़रें चुराते हो दिल बेक़रार करते हो;<br/>
लाख़ छुपाओ दुनिया से मुझे ख़बर है;<br/>
तुम मुझे ख़ुद से भी ज्यादा प्यार करते हो।
ऊपर से गुस्सा दिल से प्यार करते हो;
नज़रें चुराते हो दिल बेक़रार करते हो;
लाख़ छुपाओ दुनिया से मुझे ख़बर है;
तुम मुझे ख़ुद से भी ज्यादा प्यार करते हो।
देर लगी आने में तुमको, शुक्र है फिर भी आये तो;<br/>
आस ने दिल का साथ न छोड़ा, वैसे हम घबराये तो।
देर लगी आने में तुमको, शुक्र है फिर भी आये तो;
आस ने दिल का साथ न छोड़ा, वैसे हम घबराये तो।
ये शमा मेहमान है दो घडी की;
शमा बुझ जायेगी तुमसे जुदा होने के बाद;
कुछ भी कह लो हक़ है तुम्हें;
बस अब मर जायेंगे तुमसे जुदा होने के बाद।

Quotes

माफ़ी के बिना प्यार नहीं है और प्यार के बिना माफ़ी नहीं है।

Trivia

A young rabbit is called a 'kitten'.

Graffiti

The old songs are best because nobody sings them any more.