• सरे राह जो उनसे नज़र मिली,
    तो नक़्श दिल के उभर गए;
    हम नज़र मिला कर झिझक गए,
    वो नज़र झुका कर चले गए।
    ~ Mirza Ghalib
  • जब आंसू आए तो रो जाते हैं;<br/>
जब ख्वाब आए तो खो जाते हैं;<br/>
नींद आंखो में आती नहीं;<br/>
बस आप ख्वाबो में आयेंगे, यही सोच कर सो जाते हैं।
    जब आंसू आए तो रो जाते हैं;
    जब ख्वाब आए तो खो जाते हैं;
    नींद आंखो में आती नहीं;
    बस आप ख्वाबो में आयेंगे, यही सोच कर सो जाते हैं।
  • ना जाने इतनी मुहब्बत कहां से आई है उसके लिये;
    कि मेरा दिल भी उसकी खातिर मुझसे रूठ जाता है।
  • ले गया छीन के कौन आज तेरा सब्रो-करार;
    बेक़रारी तुझे ऐ दिल कभी ऐसी तो न थी।
    ~ Bahadur Shah Zafar
  • ​मोहब्बत के बाद मोहब्बत मुमकिन तो है;<br/>
पर टूट कर चाहना सिर्फ एक बार होता है​।
    ​मोहब्बत के बाद मोहब्बत मुमकिन तो है;
    पर टूट कर चाहना सिर्फ एक बार होता है​।
  • ​हज़ार चेहरों में उसकी मुशाहबतें मिले मुझ को;
    पर दिल की ज़िद थी अगर वो नहीं तो उस जैसा भी नहीं।
  • तोड़ कर देख लिया आईना-ए-दिल तूने;​<br/>
तेरी सूरत के सिवा और बता क्या निकला​।
    तोड़ कर देख लिया आईना-ए-दिल तूने;​
    तेरी सूरत के सिवा और बता क्या निकला​।
  • ​उससे कहो के मेरी सजा को कुछ कम कर दे;<br/>
मैं आदि मुजरिम नहीं हूँ गलती से इश्क हुआ था।
    ​उससे कहो के मेरी सजा को कुछ कम कर दे;
    मैं आदि मुजरिम नहीं हूँ गलती से इश्क हुआ था।
  • मेरे इन होंठों पर तेरा नाम अब भी है;
    भले छीन ली तुमने मुस्कुराहट हमारी।
  • हमारे प्यार का यूँ इम्तिहान ना लो;<br/>
करके बेरुखी मेरी तुम जान ना लो;<br/>
एक इशारा कर दो हम खुद मर जाएंगे;<br/>
हमारी मौत का खुद पर इल्ज़ाम ना लो।
    हमारे प्यार का यूँ इम्तिहान ना लो;
    करके बेरुखी मेरी तुम जान ना लो;
    एक इशारा कर दो हम खुद मर जाएंगे;
    हमारी मौत का खुद पर इल्ज़ाम ना लो।