• बहुत खूबसुरत है, यह साथ तुम्हारा;<br />
बना दीजिये इससे किस्मत हमारी;<br />
उसे और क्या चाहिए दुनिया में;<br />
जिसे मिल गयी हो, दोस्ती तुम्हारी!
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    बहुत खूबसुरत है, यह साथ तुम्हारा;
    बना दीजिये इससे किस्मत हमारी;
    उसे और क्या चाहिए दुनिया में;
    जिसे मिल गयी हो, दोस्ती तुम्हारी!
  • एक दिन मुस्कुराहट ने हमसे पूछा;
    हर पल हमें क्यों भूल जाते हो!
    याद तो हम अपने दोस्तों को करते हैं;
    तुम क्यों चले आते हो!
  • सुना है, खुदा के दरबार से कुछ फ़रिश्ते फरार हो गए;
    कुछ तो वापस चले गए; और कुछ हमारे यार हो गए!
  • फ्रेंडस ढाबा:<br />
मेनू:<br />
सादगी की रोटी<br />
भरोसे कि सब्जी<br />
प्रेम की दाल<br />
प्रेरणा का अचार<br />
विश्वास का रायता<br />
सम्मान का सलाद<br />
प्यार का पुलाव<br />
दोस्ती का मीठा<br />
आपका बिल? सिर्फ एक `एस एम् एस`!<br />
मेरी टिप: सिर्फ आपकी मुस्कान!
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    फ्रेंडस ढाबा:
    मेनू:
    सादगी की रोटी
    भरोसे कि सब्जी
    प्रेम की दाल
    प्रेरणा का अचार
    विश्वास का रायता
    सम्मान का सलाद
    प्यार का पुलाव
    दोस्ती का मीठा
    आपका बिल? सिर्फ एक "एस एम् एस"!
    मेरी टिप: सिर्फ आपकी मुस्कान!
  • दोस्ती नाम हैं, सुख दुःख की कहानी का;<br />
दोस्ती राज़ हैं, सदा मुस्कुराने का;<br />
यह कोई पल भर की पहचान नहीं;<br />
दोस्ती नाम हैं, उम्र भर साथ निभाने का!
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    दोस्ती नाम हैं, सुख दुःख की कहानी का;
    दोस्ती राज़ हैं, सदा मुस्कुराने का;
    यह कोई पल भर की पहचान नहीं;
    दोस्ती नाम हैं, उम्र भर साथ निभाने का!
  • दोस्त तेरा बहुत सहारा है;
    वरना इस दुनिया में कौन हमारा है;
    लोग मरते हैं, मौत आने पर;
    हमें तो, आपकी दोस्ती ने मारा है!
  • एक दिन प्यार और दोस्ती मिले!<br />
प्यार ने पूछा मेरे होते हुए तुम्हारा यहाँ क्या काम?<br />
दोस्ती बोली मैं उन होंटों पर मुस्कान लाती हूँ जिन आँखों में तुम आंसू छोड़ देती हो!Upload to Facebook
    एक दिन प्यार और दोस्ती मिले!
    प्यार ने पूछा मेरे होते हुए तुम्हारा यहाँ क्या काम?
    दोस्ती बोली मैं उन होंटों पर मुस्कान लाती हूँ जिन आँखों में तुम आंसू छोड़ देती हो!
  • दोस्तों से बिछड़ के यह एहसास हुआ, ग़ालिब;<br />
थे तो कमीने लेकिन रौनक भी उन्ही से थी!Upload to Facebook
    दोस्तों से बिछड़ के यह एहसास हुआ, ग़ालिब;
    थे तो कमीने लेकिन रौनक भी उन्ही से थी!
  • मेरी दोस्ती का अंदाज़ा न लगा पाओगे;<br />
खुद को भूल जाओगे, मगर हमको न भूल पाओगे!<br />
एक बार हमसे जुदा होकर तो देखो;<br />
क़सम तुम्हें हमारी दोस्ती की, हमारे बगैर जीना भूल जाओगे!
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    मेरी दोस्ती का अंदाज़ा न लगा पाओगे;
    खुद को भूल जाओगे, मगर हमको न भूल पाओगे!
    एक बार हमसे जुदा होकर तो देखो;
    क़सम तुम्हें हमारी दोस्ती की, हमारे बगैर जीना भूल जाओगे!
  • दोस्ती होती नहीं, भूल जाने के लिए;
    दोस्त मिलते नहीं, बिखर जाने के लिए;
    दोस्ती करके खुश रहोगे इतना;
    की वक़्त ही नहीं मिलेगा, आंसू बहाने के लिए!
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