• आँसू तेरे निकले तो आँखें मेरी हों;
    दिल तेरा धड़के तो धड़कन मेरी हो;
    दोस्ती हमारी इतनी गहरी हो;
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    सड़क पर तू पिटे और गलती मेरी हो।
  • माना कि तेरी नज़र में कुछ भी नहीं हूँ मैं;
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    मेरी अहमियत उनसे पूछना जिनके मैंने पैसे देने हैं।
  • संग-ए-मरमर सा तराशा गोरा ये बदन;
    नशीला सा पिघलता शबाब उसका;
    होंठों से लगाओ तो कशिश कैसी है;
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    ये कुल्फी चीज़ ही ऐसी है।
  • जब से तुम्हें देखा है, मेरा
    रात को
    दिन को
    सुबह को
    शाम को
    खेलते वक़्त
    सोते वक़्त
    जागते वक़्त
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    हँस-हँस के बुरा हाल है।
  • इतना खूबसूरत कैसे मुस्कुरा लेते हो;
    इतना कातिल कैसे शर्मा लेते हो;
    एक बात बताओ दोस्त,
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    बचपन से ही कमीने हो या सूरत ही ऐसी बना लेते हो?
  • जब से तुम्हें जाना है, जब से तुम्हें पाया है;
    हर दुआ में तेरा ही नाम आया है;
    ताकि पूछ सकूँ रब से,
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    यह कैसा नमूना बनाया है।
  • तू चाँद मांगे मैं चाँद दे दूँ;
    तू रात मांगे मैं रात दे दूँ;
    तू दिल मांगे मैं दिल दे दूँ;
    तू जान मांगे...
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    बस यार.
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    भीख मांगने की भी हद होती है।
  • अगर आपकी राह में छोटे छोटे पत्थर आयें तो समझ लेना...
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    सड़क का काम चल रहा है।
  • खुदा करे तुम जिन्दगी में बहुत आगे बढ़ो।
    इतने आगे बढ़ो कि जिससे मिलो वो कहे,
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    ऐ बाबा चलो चलो आगे बढ़ो।
  • जिंदगी में सिर्फ 'पाना' ही सबकुछ नहीं होता, उसके साथ
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    'नट बोल्ट' भी चाहिए!
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