• टीचर: तुम्हें जीवन में क्या चाहिये?<br/>
पप्पू: दारु!<br/>
टीचर: दारू को साइड में रख दें तो क्या चाहिए?<br/>
पप्पू: साइड में रखी हुई दारू!
    टीचर: तुम्हें जीवन में क्या चाहिये?
    पप्पू: दारु!
    टीचर: दारू को साइड में रख दें तो क्या चाहिए?
    पप्पू: साइड में रखी हुई दारू!
  • पप्पू: आई लव यू!<br/>
लड़की: मेरा पहले से बॉयफ्रेंड है!<br/>
पप्पू: तुम इतनी खूबसूरत हो तुम्हारे तो दो बॉयफ्रेंड होने ही चाहिए!
    पप्पू: आई लव यू!
    लड़की: मेरा पहले से बॉयफ्रेंड है!
    पप्पू: तुम इतनी खूबसूरत हो तुम्हारे तो दो बॉयफ्रेंड होने ही चाहिए!
  • टीचर: अगर इरादे बुलंद हों तो पत्थर से भी पानी निकाला जा सकता है!<br/>
पप्पू: मैं तो लोहे से भी पानी निकाल सकता हूँ सर!<br/>
टीचर: वो कैसे?<br/>
पप्पू: हैंडपंप से!
    टीचर: अगर इरादे बुलंद हों तो पत्थर से भी पानी निकाला जा सकता है!
    पप्पू: मैं तो लोहे से भी पानी निकाल सकता हूँ सर!
    टीचर: वो कैसे?
    पप्पू: हैंडपंप से!
  • टीचर: दुनिया में पोस्टमैन तो बहुत होते हैं! पोस्टवोमन क्यों नहीं होते?<br/>
पप्पू: क्योंकि वोमन तो ही डिलीवरी को 9 महीने लगा देती हैं!
    टीचर: दुनिया में पोस्टमैन तो बहुत होते हैं! पोस्टवोमन क्यों नहीं होते?
    पप्पू: क्योंकि वोमन तो ही डिलीवरी को 9 महीने लगा देती हैं!
  • बंटी: क्या तुम्हारी मम्मी तुम्हें प्यार करती है?<br/>
पप्पू: मेरी मम्मी तो मुझे इतना प्यार करती है कि बार-बार मुझे कहती है...<br/>
भगवान तेरे जैसी औलाद किसी को ना दे!
    बंटी: क्या तुम्हारी मम्मी तुम्हें प्यार करती है?
    पप्पू: मेरी मम्मी तो मुझे इतना प्यार करती है कि बार-बार मुझे कहती है...
    भगवान तेरे जैसी औलाद किसी को ना दे!
  • बंटी: तुम्हें सबसे अच्छा क्या लगता है?<br/>
पप्पू: खाना!<br/>
बंटी: और उससे भी ज़्यादा अच्छा?<br/>
पप्पू: फ्री का खाना!
    बंटी: तुम्हें सबसे अच्छा क्या लगता है?
    पप्पू: खाना!
    बंटी: और उससे भी ज़्यादा अच्छा?
    पप्पू: फ्री का खाना!
  • टीचर: दशमलव किसे कहते हैं?<br/>
पप्पू: दसवीं में हुए लव को 'दशम लव' कहते हैं!
    टीचर: दशमलव किसे कहते हैं?
    पप्पू: दसवीं में हुए लव को 'दशम लव' कहते हैं!
  • टीचर: बहुवचन किसे कहते हैं?<br/>
पप्पू: जब बहू अपने ससुराल वालों को खरी-खोटी सुनाती है तो उसे बहुवचन कहते हैं!
    टीचर: बहुवचन किसे कहते हैं?
    पप्पू: जब बहू अपने ससुराल वालों को खरी-खोटी सुनाती है तो उसे बहुवचन कहते हैं!
  • टीचर: हिस्ट्री जानते हो?<br/>
पप्पू: हाँ, थोड़ा थोड़ा!<br/>
टीचर: गाँधी जी के बेटे का क्या नाम था?<br/>
पप्पू: दिनेशन!<br/>
टीचर: ये कौन है बे? कहाँ से सीखा? क्या यही पढ़ाया गया है तुम्हें? बेवकूफ!<br/>
पप्पू: बेवकूफ क्या? हमें तो बचपन से ही पढ़ाया जा रहा है कि गाँधी जी इज फादर ऑफ़ दिनेशन!
    टीचर: हिस्ट्री जानते हो?
    पप्पू: हाँ, थोड़ा थोड़ा!
    टीचर: गाँधी जी के बेटे का क्या नाम था?
    पप्पू: दिनेशन!
    टीचर: ये कौन है बे? कहाँ से सीखा? क्या यही पढ़ाया गया है तुम्हें? बेवकूफ!
    पप्पू: बेवकूफ क्या? हमें तो बचपन से ही पढ़ाया जा रहा है कि गाँधी जी इज फादर ऑफ़ दिनेशन!
  • बंटी: यार काश, पढाई प्यार की तरह होती, अपने आप हो जाती!<br/>
पप्पू: अरे नहीं रे, काश प्यार पढाई की तरह होता और घरवाले पीट-पीट कर करवाते!
    बंटी: यार काश, पढाई प्यार की तरह होती, अपने आप हो जाती!
    पप्पू: अरे नहीं रे, काश प्यार पढाई की तरह होता और घरवाले पीट-पीट कर करवाते!