• सर्दियों में हाथ मिलाने की बजाय राम-राम का उपयोग ज़्यादा करें!<br/>
हो सकता है सामने वाले ने नाक साफ़ करके हाथ ना धोए हों!
    सर्दियों में हाथ मिलाने की बजाय राम-राम का उपयोग ज़्यादा करें!
    हो सकता है सामने वाले ने नाक साफ़ करके हाथ ना धोए हों!
  • आज मैंने स्वेटर पहन लिया,<br/>
क्या समाज मुझे स्वीकार करेगा!
    आज मैंने स्वेटर पहन लिया,
    क्या समाज मुझे स्वीकार करेगा!
  • अब तो दीपावली भी देख ली.... कब जाओगी गर्मी!
    अब तो दीपावली भी देख ली.... कब जाओगी गर्मी!
  • हे प्रभु बारिश करवा रहे हो या बॉडी स्प्रे मार रहे हो?<br/>
वहाँ ऊपर भी Fogg चल रहा है क्या?
    हे प्रभु बारिश करवा रहे हो या बॉडी स्प्रे मार रहे हो?
    वहाँ ऊपर भी Fogg चल रहा है क्या?
  • कुछ तो पढ़ी लिखी होगी ये गर्मी वरना इतनी डिग्री लेकर कौन घूमता है।
    कुछ तो पढ़ी लिखी होगी ये गर्मी वरना इतनी डिग्री लेकर कौन घूमता है।
  • गर्मी का आलम ये है कि मिट्टी का मटका भी आधा पानी गर्मी मारे खुद पी जाता है।
    गर्मी का आलम ये है कि मिट्टी का मटका भी आधा पानी गर्मी मारे खुद पी जाता है।
  • मानसून ने दस्तक नहीं दी है भाई!<br/>
ये तो ऊपर वाले ने गरम तवे पर पानी छिड़का है अब सभी का डोसा बनेगा।
    मानसून ने दस्तक नहीं दी है भाई!
    ये तो ऊपर वाले ने गरम तवे पर पानी छिड़का है अब सभी का डोसा बनेगा।
  • भाड़ में गये अच्छे दिन, ये बताओ ठंडे दिन कब आयेंगे।
    भाड़ में गये अच्छे दिन, ये बताओ ठंडे दिन कब आयेंगे।
  • संबंधों में ठंडक रखना मेरे दोस्तों,<br/>
गर्मी अभी और बढ़ेगी!
    संबंधों में ठंडक रखना मेरे दोस्तों,
    गर्मी अभी और बढ़ेगी!
  • किट-किट की आवाज़ आ रही थी।<br/>
पत्नी: देखो जी, चूहे कपड़े कुतर रहे हैं।<br/>
पति (कांपते हुए): सारी रजाई जो तुने खींच ली, मेरे ही दाँत किटकिटा रहे हैं।
    किट-किट की आवाज़ आ रही थी।
    पत्नी: देखो जी, चूहे कपड़े कुतर रहे हैं।
    पति (कांपते हुए): सारी रजाई जो तुने खींच ली, मेरे ही दाँत किटकिटा रहे हैं।