• समस्याओं से घिरे हुए वयक्तियों के हमेशा संपर्क में रहिये क्योंकि जो लोग समस्याओं से घिरे होते हैं उनके पास...
दारु पक्का मिल जायेगी!
    समस्याओं से घिरे हुए वयक्तियों के हमेशा संपर्क में रहिये क्योंकि जो लोग समस्याओं से घिरे होते हैं उनके पास... दारु पक्का मिल जायेगी!
  • पत्नी: जो आदमी रोज शराब पीकर आये उसके लिए मेरे मन में कोई हमदर्दी नहीं है।<br/>
पति: जिसको रोज शराब मिल जाये, उसे तुम्हारी हमदर्दी की ज़रूरत नहीं है।
    पत्नी: जो आदमी रोज शराब पीकर आये उसके लिए मेरे मन में कोई हमदर्दी नहीं है।
    पति: जिसको रोज शराब मिल जाये, उसे तुम्हारी हमदर्दी की ज़रूरत नहीं है।
  • शराबी मरने ही वाला था कि उसके सामने शिव प्रकट हुए।<br/>
शिव जी: तुम्हारी कोई अंतिम इच्छा है तो बताओ।<br/>
शराबी: प्रभु अगले जन्म में दाँत चाहे एक ही देना पर लीवर पूरे 32 देना।
    शराबी मरने ही वाला था कि उसके सामने शिव प्रकट हुए।
    शिव जी: तुम्हारी कोई अंतिम इच्छा है तो बताओ।
    शराबी: प्रभु अगले जन्म में दाँत चाहे एक ही देना पर लीवर पूरे 32 देना।
  • शराबी चाहे कितना भी अनपढ़ क्यों न हो,<br/>
Quarter के तीन पेग ऐसे बनाता है, जैसे किसी प्रयोगशाला का बहुत बड़ा Scientist हो।
    शराबी चाहे कितना भी अनपढ़ क्यों न हो,
    Quarter के तीन पेग ऐसे बनाता है, जैसे किसी प्रयोगशाला का बहुत बड़ा Scientist हो।
  • आज का ज्ञान:<br/>
शराबी और साँप जितने मर्ज़ी टेढ़े-मेढ़े चलें...<br/>
अपने घर में वो सीधे ही घुसते हैं।
    आज का ज्ञान:
    शराबी और साँप जितने मर्ज़ी टेढ़े-मेढ़े चलें...
    अपने घर में वो सीधे ही घुसते हैं।
  • शादी के बाद ससुराल में:<br/>
सास: बेटा इसे अपना ही घर समझो जो चाहिए पूछ लेना।<br/>
बहु: माँ जी यहाँ पास में शराब का ठेका है क्या?
    शादी के बाद ससुराल में:
    सास: बेटा इसे अपना ही घर समझो जो चाहिए पूछ लेना।
    बहु: माँ जी यहाँ पास में शराब का ठेका है क्या?
  • जिस शादी में दारू न हो... उस शादी के रिसेप्शन को रिसेप्शन नहीं, भंडारा बोलते हैं!
    जिस शादी में दारू न हो... उस शादी के रिसेप्शन को रिसेप्शन नहीं, भंडारा बोलते हैं!
  • ज़िंदगी में सपने या तो यक़ीन से पूरे होते हैं या फिर...<br/>
व्हिस्की और नमकीन से पूरे होते हैं।
    ज़िंदगी में सपने या तो यक़ीन से पूरे होते हैं या फिर...
    व्हिस्की और नमकीन से पूरे होते हैं।
  • अगर कोई दोस्त आपका दुःख सुनकर उठ कर चला जाए तो उसे गद्दार नहीं समझना चाहिए...
    हो सकता है वो डिस्पोजल गिलास और बोतल लाने गया हो।
  • शाम के समय ठेके की तरफ आकर्षित होने को ही `दारुत्वाकर्षण` कहते हैं!
    शाम के समय ठेके की तरफ आकर्षित होने को ही "दारुत्वाकर्षण" कहते हैं!