• मुसीबत!

    गर्लफ्रेंड: आई लव यू बेबी।
    पप्पू धीरे से बोला, `मैं भी तुमसे प्यार करता हूँ।`

    गर्लफ्रेंड: ऐसा क्यों?
    पप्पू: बस थोड़ा सा मूड़ ख़राब था।

    गर्लफ्रेंड: दोस्तों के साथ तो बड़े खुश रहते हो, मेरे साथ ही ड्रामे।
    पप्पू (प्यार से): ऐसा कुछ नहीं जानू, तबियत थोड़ी नहीं ठीक है।

    गर्लफ्रेंड: हाँ, दोस्त अभी फोन कर देगा तो 2 सेकंड में तबियत ठीक हो जायेगी।
    पप्पू: दोस्त कहाँ से आये, मेरा मूड़ थोड़ा परेशान है बस।

    गर्लफ्रेंड: मेरे साथ ही ये सब होता है, दोस्तों के साथ मज़े करते हो, या कोई और लड़की पसंद आ गई?
    पप्पू और ज्यादा प्यार से, `अरे, कहाँ से कहाँ बात ले जा रही हो?`

    गर्लफ्रेंड: आज सब साफ़-साफ़ होगा।
    पप्पू: क्या साफ़ करना है जानू, ऐसा क्या हो गया है?

    गर्लफ्रेंड (खुद कंफ्यूज): जब तुम खुद साफ़ नहीं, तुम्हें कुछ पता नहीं तो मैं क्या बोलूं।
    पप्पू समझदार बनने की नक़ल करते हुए, `तुम्हे क्या हुआ है, किस बात पर परेशान हो, बताओ?`

    गर्लफ्रेंड: तुम्हारी संगत खराब है।
    पप्पू: मेरे साथ तो तुम हो।

    गर्लफ्रेंड: अब बहुत हो गया, अब और नहीं।
    पप्पू (चिल्लाते हुए): हुआ क्या है, ये तो बताओ?

    गर्लफ्रेंड: हम अब साथ नहीं रह सकते।
    पप्पू: ये बात कहाँ से आई?

    गर्लफ्रेंड: मैं इसे तोड़ना चाहती हूँ।
    पप्पू (चिढ़कर): हमसे, ठीक है।

    गर्लफ्रेंड (गुस्सा होते हुए): हाँ, यही चाहते हो तुम तो, फिर तुम जो मर्ज़ी कर सको।
    पप्पू: अरे खुद ही बोला अभी, मैंने क्या गलत कहा?

    गर्लफ्रेंड: इतनी तकलीफ़ थी तो बोला, क्यों नहीं, मैं खुद बिना बोले चली जाती तुम्हारी जिन्दगी से।
    पप्पू अपने बाल पकड़कर, `मुझे मेरी गलती तो बता दो?`

    गर्लफ्रेंड: वक़्त आने पर पता चलेगी तुम्हें अपने आप, जब मैं चली जाऊँगी (कभी नहीं जायेगी)।
    पप्पू: अच्छा, तो मैं इंतज़ार करता हूँ, सही वक़्त का।

    गर्लफ्रेंड: तुम सिरियस कब हो गए?
    पप्पू: अब क्या हॉस्पिटल में भर्ती हो जाऊं सिरियस होने के लिए।

    गर्लफ्रेंड: भाड़ में जाओ।
    पप्पू: दोबारा मुझे फोन मत करना।

    3 घंटे बाद
    गर्लफ्रेंड: तुम्हें पता है न, मैं तुम्हारे बिना नहीं रह सकती जानू, सॉरी आई लव यू मेरे बेबी।
    पप्पू (सब भूलकर): अच्छा फिर, मैं भी तुमसे प्यार करता हूँ।

    गर्लफ्रेंड: इतनी उदास आवाज में क्यों?
  • बुरी खबर या अच्छी खबर?

    एक बार पप्पू का परीक्षा परिणाम आया तो वह अपना रिपोर्ट कार्ड लेकर अपने घर पहुंचा।

    संता: पप्पू तुम्हारा परीक्षा परिणाम आ क्या?

    पप्पू: जी पापा।

    संता: तो क्या रहा तुम्हारा परीक्षा परिणाम?

    पप्पू: पापा एक अच्छी खबर है और एक बुरी खबर है, अब आप बताइये पहले कौनसी बताऊँ?

    संता: पहले अच्छी खबर बता।

    पप्पू: जी मैं पास हो गया।

    संता: अरे वाह! और बुरी खबर क्या है?

    पप्पू: जी अच्छी खबर झूठी है।
  • नेक सलाह!

    एक दिन बंटी अपने दोस्त पप्पू से सलाह लेने गया।

    बंटी: यार पप्पू,मैं तुमसे सलाह लेना चाहता हूँ।

    पप्पू: ज़रूर लो दोस्त, मुफ्त मिलेगी।

    बंटी: बात यह है कि मैं किसी लड़की से प्रेम करता हूँ और वो भी मुझे चाहती है। हम दोनों शादी करना चाहते है।

    पप्पू: यह तो अच्छी बात है इसमें दिक्कत क्या है?

    बंटी: मेरे पिता जी इस शादी के खिलाफ हैं।

    पप्पू: क्यों?

    बंटी: क्योंकि वो बहुत ग़रीब है और मेरे पिता जी मेरी शादी किसी विधवा से करना चाहते हैं जो कि बहुत अमीर है।

    पप्पू (कुछ सोचने के बाद): देखो दोस्त यह तुम्हारी ज़िन्दगी है। तुम वही करो जिससे तुम खुश रह सको। तुम अपनी प्रेमिका से शादी करने का पक्का फैंसला करो और अपने पिता जी को बता दो। मुझे विश्वास है कि वो तुम्हारी बात को समझ जायेंगे।

    बंटी: तुम ठीक कहते हो, मैं आज ही पिता जी से बात करता हूँ।

    पप्पू: और हाँ, उस विधवा का पता मुझे बता दो!
  • बुरी खबर या अच्छी खबर?

    एक बार पप्पू का परीक्षा परिणाम आया तो वह अपना रिपोर्ट कार्ड लेकर अपने घर पहुंचा।

    संता: पप्पू तुम्हारा परीक्षा परिणाम आ क्या?

    पप्पू: जी पापा।

    संता: तो क्या रहा तुम्हारा परीक्षा परिणाम?

    पप्पू: पापा एक अच्छी खबर है और एक बुरी खबर है, अब आप बताइये पहले कौनसी बताऊँ?

    संता: पहले अच्छी खबर बता।

    पप्पू: जी मैं पास हो गया।

    संता: अरे वाह! और बुरी खबर क्या है?

    पप्पू: जी अच्छी खबर झूठी है।